
राज्य के पर्यटन उद्योग को मिलेगी वैश्विक स्तर पर नई पहचान — पुणे ग्रैंड चैलेंज टूर साइकलिंग स्पर्धा से मिलेगा बड़ा प्रोत्साहन : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस
मुंबई: महाराष्ट्र सरकार के सहयोग से पुणे जिला प्रशासन और साइक्लिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (CFI) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित की जा रही पुणे ग्रैंड चैलेंज टूर वार्षिक अंतरराष्ट्रीय स्तर की एक प्रमुख साइक्लिंग स्पर्धा होगी। इस भव्य आयोजन से पुणे को एक वैश्विक खेल व पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा, ऐसा विश्वास मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने व्यक्त किया।
विधान भवन में मुख्यमंत्री श्री फडणवीस की उपस्थिति में पुणे ग्रैंड चैलेंज टूर 2026 के आयोजन हेतु पुणे जिला प्रशासन और CFI के बीच एक औपचारिक समझौता (MoU) किया गया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री अजित पवार, उच्च व तकनीकी शिक्षा मंत्री चंद्रकांत पाटील, खेल मंत्री दत्तात्रय भरणे, सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट, मुख्य सचिव राजेश कुमार, CFI अध्यक्ष पंकज सिंह, महासचिव महेन्द्र पाल सिंह सहित कई गणमान्य अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री श्री फडणवीस ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज की ऐतिहासिक विरासत, समृद्ध परंपरा, संस्कृति और प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण पुणे जैसे औद्योगिक और तकनीकी हब में इस अंतरराष्ट्रीय स्पर्धा के आयोजन से खेल क्षेत्र में नए अवसर सृजित होंगे। साथ ही, इस स्पर्धा के माध्यम से राज्य में पर्यटन को नई गति मिलेगी, जिससे पर्यटन उद्योग को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान मिलेगी।
उन्होंने कहा कि पुणे को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर एक अग्रणी स्थल के रूप में स्थापित करने की दिशा में यह स्पर्धा महत्वपूर्ण सिद्ध होगी। विश्वभर के लगभग 200 देशों में साइक्लिंग के लाखों-करोड़ों प्रशंसक हैं। इस स्पर्धा के माध्यम से पुणे की संस्कृति, परंपरा और प्राकृतिक सौंदर्य उन तक पहुंचेगा, जिससे पर्यटन और उद्योग में निवेश आकर्षित होगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि यह स्पर्धा ग्रामीण पुणे में सतत विकास, बेहतर कनेक्टिविटी, फिटनेस व पर्यावरण जागरूकता को भी बढ़ावा देगी और नागरिकों को एक स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की प्रेरणा देगी।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री अजित पवार ने कहा कि पुणे को “साइक्लिंग का शहर” कहा जाता है और इस पहचान को और सशक्त करने की दिशा में यह करार सहायक सिद्ध होगा। अंतरराष्ट्रीय साइक्लिंग में पुणे का योगदान उल्लेखनीय रहेगा, ऐसा विश्वास उन्होंने व्यक्त किया।
जिलाधिकारी जितेंद्र डुडी ने इस स्पर्धा के आयोजन की रूपरेखा का विस्तृत प्रस्तुतीकरण किया। उन्होंने बताया कि यह स्पर्धा साइक्लिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (CFI) से मान्यता प्राप्त है और यूनियन साइक्लिस्ट इंटरनेशनल (UCI), स्विट्ज़रलैंड से मान्यता की प्रक्रिया प्रगति में है। UCI की मान्यता प्राप्त होने पर यह प्रतियोगिता लॉस एंजेलेस ओलंपिक 2028 के लिए क्वालिफाइंग स्पर्धा के रूप में मान्यता प्राप्त कर सकती है।
इस आयोजन से सह्याद्री की पर्वतमालाएं, दुर्ग, ग्रामीण इलाकों का प्राकृतिक सौंदर्य, जलाशय, वन्यजीव जैसे कम प्रसिद्ध क्षेत्रों को अंतरराष्ट्रीय मानचित्र पर लाने में मदद मिलेगी। इसके साथ ही, पुणे के साथ लगे जिलों में पर्यटन, सांस्कृतिक गतिविधियों और साहसिक खेलों (Adventure Sports) को भी बढ़ावा मिलेगा। इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति, रोजगार के नए अवसर और बुनियादी सुविधाओं के विकास को बल मिलेगा।
इस अवसर पर मुख्य सचिव (नियोजन) राजगोपाल देवरा, क्रीड़ा विभाग के अपर मुख्य सचिव अनिल डिग्गीकर, वित्त विभाग के प्रधान सचिव विजय सौरभ, पर्यटन विभाग के प्रधान सचिव अतुल पाटणे, पुणे विभागीय आयुक्त चंद्रकांत पुलकुंडवार, पुणे मनपा आयुक्त नवल किशोर राम, मुख्यमंत्री कार्यालय के अपर मुख्य सचिव विकास खारगे, प्रधान सचिव अश्विनी भिडे, सचिव श्रीकर परदेशी सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं अन्य मान्यवर उपस्थित थे।



