“निर्मल दिंडी” का शुभारंभ शनिवार, 21 जून को पुणे से होगा
पुणे: आषाढ़ी वारी 2025 के अंतर्गत, हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी महाराष्ट्र राज्य शासन की ओर से ‘निर्मल दिंडी’ का आयोजन किया गया है। इस निर्मल दिंडी का भव्य शुभारंभ शनिवार, दिनांक 21 जून 2025 को दोपहर 2:00 बजे ग्रामविकास मंत्री मा. जयकुमार गोरे की प्रमुख उपस्थिति में विभागीय आयुक्त कार्यालय, पुणे में संपन्न होगा। यह जानकारी पुणे जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री. गजानन पाटील ने दी है।
कार्यक्रम के दौरान राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत पुरस्कारों का वितरण किया जाएगा। साथ ही, निर्मल दिंडी में सहभागी चित्ररथ (झांकियां), कलापथक (सांस्कृतिक दल), आरोग्य सेवक, आरोग्यदूत, स्वच्छता और जल आपूर्ति में कार्यरत संस्थाओं को तथा स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 के आरंभ को हरी झंडी दिखाकर औपचारिक उद्घाटन किया जाएगा।
संत गाडगे बाबा ग्रामस्वच्छता अभियान
विभागीय स्तर पर 2022-23 के विजेता ग्रामपंचायतें एवं पुरस्कार इस प्रकार हैं –
प्रथम क्रमांक: ग्रामपंचायत शेळकेवाडी, तहसील करवीर, जिला कोल्हापुर – ₹12 लाख
द्वितीय क्रमांक: ग्रामपंचायत बोरगांव, तहसील कवठेमहाकाळ, जिला सांगली – ₹9 लाख
तृतीय क्रमांक: ग्रामपंचायत कवठे, तहसील खंडाळा, जिला सातारा – ₹7 लाख
विशेष पुरस्कार विजेता:
स्व. वसंतराव नाईक पुरस्कार: ग्राम दरेवाडी, तहसील वाई, जिला सातारा – ₹75,000
डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर पुरस्कार: ग्राम सांडगेवाडी, तहसील पलूस, जिला सांगली – ₹75,000
स्व. आबासाहेब खेडकर पुरस्कार: ग्राम गोरेगांव, तहसील करमाळा, जिला सोलापुर – ₹75,000
जिला परिषद पुणे द्वारा आयोजित जिला स्तरीय स्पर्धा (2023-24)
विजेता ग्रामपंचायतें इस प्रकार हैं –
प्रथम क्रमांक: गावडेवाडी, तहसील आंबेगाव – ₹6 लाख
द्वितीय क्रमांक: मांजरी खुर्द, तहसील हवेली – ₹4 लाख
तृतीय क्रमांक: सदोबाची वाडी, तहसील बारामती – ₹3 लाख
विशेष पुरस्कार विजेता ग्रामपंचायतें:
स्व. वसंतराव नाईक पुरस्कार: ग्राम चिंचोली, तहसील जुन्नर – ₹50,000
डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर पुरस्कार: ग्राम टाकवे खुर्द, तहसील मावळ – ₹50,000
स्व. आबासाहेब खेडकर पुरस्कार: ग्राम मांजरवाडी, तहसील जुन्नर – ₹50,000
कार्यक्रम में उपरोक्त सभी पुरस्कार विजेता ग्रामपंचायतों का सन्मानपूर्वक गौरव किया जाएगा। स्वच्छता और स्वास्थ्य प्रबंधन के क्षेत्र में ग्रामीण भागों में उत्कृष्ट कार्य कर रही ग्रामपंचायतों को इस प्रकार से प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री गजानन पाटील ने कहा कि इस माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ेगी, और स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 के माध्यम से जिले में इस अभियान का प्रभावी रूप से क्रियान्वयन किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इससे ग्रामवासियों के जीवनशैली और व्यवहार में सकारात्मक बदलाव आएगा।


